सेवा, समर्पण और मानवीय संवेदनाओं की अनूठी मिसाल पेश करते हुए आरंग की सामाजिक संस्था ‘श्री विघ्नहर्ता परिवार’ के सदस्यों ने सत्य साई अस्पताल पहुंचकर एक अनुकरणीय पहल की। संस्था द्वारा ’10 दिवस–10 सेवा कार्य’ अभियान के तहत अस्पताल में हृदय रोग का इलाज करा रहे मासूम बच्चों के लिए सामूहिक रक्तदान किया गया।
मासूमों से आत्मीय मुलाकात, परिजनों को बंधाया ढांढस
रक्तदान के पश्चात समिति के सदस्यों ने अस्पताल के वार्डों में जाकर उपचाररत बच्चों से मुलाकात की और उनका हालचाल जाना। इस दौरान सदस्यों ने बच्चों को दुलारते हुए उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की, जिससे अस्पताल का माहौल भावनात्मक और आत्मीयता से भर उठा। संस्था ने बच्चों के परिजनों से भी विस्तृत चर्चा की और उन्हें हर संभव सहयोग का विश्वास दिलाते हुए सम्बल प्रदान किया।
“रक्तदान जीवन में उम्मीद की बूंद जोड़ने का संकल्प”

इस अवसर पर श्री विघ्नहर्ता परिवार के सदस्यों ने अपने विचार साझा करते हुए कहा, “रक्तदान केवल एक प्रक्रिया नहीं, बल्कि किसी जरूरतमंद के जीवन में उम्मीद की नई किरण जगाने का संकल्प है। इन मासूम बच्चों के चेहरों पर मुस्कान लौटाने के प्रयास में भागीदार बनना हमारे लिए परम सौभाग्य की बात है।”
उत्सव को बनाया सामाजिक सेवा का माध्यम
समिति ने स्पष्ट किया कि उनके लिए गणेशोत्सव केवल पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज के अंतिम व्यक्ति तक मदद पहुंचाने और सामाजिक सरोकारों को मजबूत करने का पावन अवसर है।
स्वास्थ्य सेवा से जुड़े इस पुनीत कार्य के माध्यम से संस्था ने आमजन को भी रक्तदान के प्रति जागरूक होने और विपत्ति के समय एक-दूसरे के साथ खड़े रहने का सशक्त संदेश दिया है। श्री विघ्नहर्ता परिवार ने भविष्य में भी इसी तरह जनहित और मानव सेवा के कार्य निरंतर जारी रखने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।

