राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (NIT) रायपुर के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी रायपुर फाउंडेशन फॉर इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप (NITRRFIE) में इनक्यूबेट किए गए स्टार्टअप्स अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में नवाचार को आगे बढ़ा रहे हैं। ये उपलब्धियाँ छत्तीसगढ़ में विकसित हो रहे उद्यमशीलता के परिवेश और शोध को व्यावहारिक समाधानों में बदलने में शैक्षणिक संस्थानों की भूमिका को उजागर करती हैं।
NITRRFIE में इंक्यूबेटेड स्पेस-टेक स्टार्टअप ‘लूनर स्पेस एजेंसी’ ने हाई-रिज़ॉल्यूशन मल्टीस्पेक्ट्रल अर्थ-ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट का इंजीनियरिंग मॉडल तैयार कर लिया है तथा वर्ष 2027 में इसे अंतरिक्ष में स्थापित करने का लक्ष्य रखा है। योजना के अनुरूप मिशन आगे बढ़ने पर यह छत्तीसगढ़ में विकसित अपनी तरह का पहला उपग्रह होगा और राज्य में स्पेस टेक्नोलॉजी इकोसिस्टम की मजबूत नींव रखेगा।
कंपनी के सीईओ डॉ. रवि तेम्भरे के नेतृत्व में विकसित किए जा रहे इस उपग्रह को पृथ्वी से लगभग 550 किलोमीटर की ऊँचाई पर निम्न पृथ्वी कक्षा (Low Earth Orbit) में संचालित करने की योजना है। इसके मिशन की लक्षित अवधि कम से कम तीन वर्ष है।
उपग्रह की इमेजिंग क्षमताएँ फसल आकलन, वनस्पति एवं वन निगरानी, आपदा प्रबंधन, भूमि उपयोग मानचित्रण और खनन गतिविधियों से जुड़े पर्यावरणीय परिवर्तनों की निगरानी जैसे क्षेत्रों में उपयोगी साबित हो सकती हैं। कंपनी की योजना उपग्रह के उड़ान मॉडल का निर्माण और असेंबली रायपुर में करने की भी है। इससे उपग्रह इंजीनियरिंग, रिमोट सेंसिंग, भू-स्थानिक विश्लेषण, अनुसंधान और तकनीकी कौशल विकास के क्षेत्र में नए अवसर पैदा हो सकते हैं। हालाँकि, यह मिशन परीक्षणों और IN-SPACe से आवश्यक प्राधिकरण सहित नियामकीय मंजूरियों पर निर्भर है।
इसी बीच, Global Surgery Innovations Pvt. Ltd. (GSI) को सितंबर में बेंगलुरु में आयोजित नेशनल बायो एंटरप्रेन्योरशिप कॉम्पिटिशन (NBEC) 2026 में दो निवेश अवसर पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। ये पुरस्कार TiE Global और Social Alpha द्वारा प्रदान किए गए। इस प्रतियोगिता का आयोजन सेंटर फॉर सेल्युलर एंड मॉलिक्यूलर प्लेटफॉर्म्स (C-CAMP) ने किया था। यह प्रतियोगिता विज्ञान-आधारित स्टार्टअप्स को निवेशकों और उद्योग जगत के भागीदारों से जोड़ने का मंच प्रदान करती है।
GSI किफायती चिकित्सा उपकरणों के विकास पर काम कर रही है, जिनका उद्देश्य विशेष रूप से ग्रामीण अस्पतालों और सीमित संसाधनों वाली स्वास्थ्य सुविधाओं में न्यूनतम चीर-फाड़ वाली सर्जरी की उपलब्धता बढ़ाना है। कंपनी के प्रमुख नवाचारों में Gasless Lift Laparoscopic Surgery (GILLS) डिवाइस और Laptop Cystoscope शामिल हैं।
GILLS डिवाइस को पारंपरिक गैस इंसफ्लेशन के बिना लैप्रोस्कोपिक सर्जरी को संभव बनाने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। वहीं, Laptop Cystoscope एक कॉम्पैक्ट, USB-कनेक्टेड यूरोलॉजिकल विज़ुअलाइज़ेशन उपकरण है, जो समर्थित डिजिटल उपकरणों के साथ काम करता है। GILLS तकनीक को वर्ष 2017 में विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) से मान्यता भी मिली थी। हाल में मिले ये पुरस्कार कंपनी को निवेशकों के साथ संवाद मजबूत करने तथा उत्पाद विकास, विनिर्माण और बाजार विस्तार की दिशा में आगे बढ़ने के नए अवसर प्रदान करेंगे।
NIT रायपुर के निदेशक डॉ. एन. वी. रमना राव ने कहा, “ये उपलब्धियाँ वास्तविक दुनिया की चुनौतियों का समाधान करने और छत्तीसगढ़ के प्रौद्योगिकी एवं उद्यमशीलता पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत बनाने में स्वदेशी नवाचारों की क्षमता को प्रदर्शित करती हैं। NIT रायपुर राष्ट्रीय स्तर पर प्रासंगिकता रखने वाले और समाज पर सकारात्मक प्रभाव डालने वाले प्रौद्योगिकी-आधारित उद्यमों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है।”
NITRRFIE के फैकल्टी इंचार्ज डॉ. अनुज के. शुक्ला ने कहा, “हम स्टार्टअप्स को मेंटरशिप, बुनियादी सुविधाओं, उद्योग जगत के साथ साझेदारी, निवेशकों से संपर्क और प्रौद्योगिकी सत्यापन के माध्यम से सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध हैं, ताकि वे अपने नवाचारों को व्यावसायीकरण और व्यापक उपयोग की दिशा में आगे बढ़ा सकें।”
LUNAR SPACE Agency और Global Surgery Innovations की ये उपलब्धियाँ अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी तथा स्वास्थ्य सेवा जैसे क्षेत्रों में छत्तीसगढ़ के स्टार्टअप इकोसिस्टम की बढ़ती क्षमता को दर्शाती हैं। साथ ही, ये उद्यमिता को बढ़ावा देने, उद्योग जगत के साथ सहयोग मजबूत करने और क्षेत्रीय एवं राष्ट्रीय आवश्यकताओं को पूरा करने वाले नवाचारों को समर्थन देने में NIT रायपुर और NITRRFIE की महत्वपूर्ण भूमिका को भी रेखांकित करती हैं।

