राजधानी रायपुर के मंदिर हसौद थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बकतरा से एक बड़ा मामला सामने आया है। कांग्रेस कमेटी मंदिर हसौद के मंडल प्रभारी उपेन्द्र भारती के खिलाफ एक शादीशुदा महिला ने दुष्कर्म, मारपीट, प्रताड़ना और जान से मारने की धमकी देने जैसे संगीन आरोप लगाए हैं।
महिला की लिखित शिकायत पर मंदिर हसौद पुलिस ने आरोपी कांग्रेस नेता के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(2), 115(2) एवं 351(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर लिया है। FIR दर्ज होने के बाद से ही आरोपी उपेन्द्र भारती फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस की टीम लगातार संभावित ठिकानों और उसके निवास पर दबिश दे रही है।
‘जबरदस्ती शारीरिक संबंध से हुई बच्ची, अब अपनाने से कर रहा इंकार’

पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में अत्यंत प्रताड़ित करने वाले तथ्यों का खुलासा किया है।पीड़ित महिला अपने बच्चों के साथ ग्राम बकतरा में रहती है और उसका पति रोजी मजदूरी करने जिले से बाहर रहता है। पीड़िता का आरोप है कि उसका पड़ोसी उपेन्द्र भारती अपनी राजनीतिक पहुँच और रसूख का धौंस दिखाकर पिछले कई महीनों से देर रात उसके घर में घुसकर जबरन शारीरिक संबंध बनाता था। पीड़िता के अनुसार, इस निरंतर उत्पीड़न और जबरदस्ती के कारण उसने एक बच्ची को जन्म दिया है। जब पीड़िता ने आरोपी से बच्ची को अपनाने और जवाबदेही लेने को कहा, तो उसने साफ इंकार कर दिया। विरोध करने पर पीड़िता के साथ मारपीट की गई और उसे, उसके पति व बच्चों को जान से मारने की धमकी दी गई। इस पूरे घटनाक्रम से पीड़िता का वैवाहिक और पारिवारिक जीवन पूरी तरह तबाह हो गया है।
राजनीतिक प्रभाव का दुरुपयोग और गाँव में भय का माहौल
शिकायत पत्र में पीड़िता ने उल्लेख किया है कि उपेन्द्र भारती अपने राजनीतिक पद (मंडल प्रभारी, कांग्रेस कमेटी मंदिर हसौद) और प्रभाव का खुलेआम दुरुपयोग करता था। आरोपी पीड़िता को गाँव की अन्य महिलाओं के साथ किए गए अपने कथित व्यवहार का हवाला देकर डराता था कि अगर उसने मुँह खोला तो उसका अंजाम भी बुरा होगा।
महिला का आरोप है कि आरोपी आदतन दबंग प्रवृत्ति का है, जिसके डर से गाँव के लोग भी उसके खिलाफ बोलने से कतराते हैं। लंबे समय तक सहने के बाद अंततः पीड़िता ने हिम्मत जुटाकर मंदिर हसौद थाने में न्याय और सुरक्षा की गुहार लगाई।

मंदिर हसौद पुलिस ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए तुरंत धाराएं दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
BNS 64(2): गंभीर स्थितियों/प्रभाव का लाभ उठाकर दुष्कर्म।
BNS 115(2): स्वेच्छा से चोट पहुँचाना व मारपीट।
BNS 351(2): आपराधिक धमकी (जान से मारने की धमकी)।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि “पीड़िता की शिकायत पर सुसंगत धाराओं में अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस की टीम साक्ष्य जुटा रही है और पीड़िता तथा नवजात बच्ची की सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है। आरोपी के घर दबिश दी गई थी, लेकिन वह फरार मिला। उसकी जल्द गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास जारी हैं।”

